Home / भारत / कोई भी सरकारी बैंक नहीं होगा बंद: आरबीआई

कोई भी सरकारी बैंक नहीं होगा बंद: आरबीआई

नई दिल्ली। सोशल मीडिया पर वायरल हो रही खबरों को आरबीआई ने खारिज कर दिया, जिसमें कहा गया था कि सरकारी बैंक बंद हो सकते हैं। केन्द्र सरकार और आरबीआई ने शुक्रवार को सार्वजनिक क्षेत्र के किसी भी बैंक को बंद करने की अफवाहों को खारिज कर दिया। दोनों से साफ किया कि किसी भी सरकारी बैंक को बंद करने का सवाल ही नहीं उठता।

आरबीआई की ओर से सार्वजनिक क्षेत्र के बड़े कर्ज दाता बैंक ऑफ इंडिया के खिलाफ त्वरित सुधारात्मक कार्रवाई (पीसीए) की प्रक्रिया शुरू करने के बाद ऐसी अफवाहें फैल रही थीं कि सरकार कुछ बैंकों को बंद कर सकती है। आरबीआई की ओर से जारी एक बयान के अनुसार सोशल मीडिया और मीडिया के एक वर्ग में कुछ भ्रामक सूचनाएं फैलाई जा रही हैं। इनमें कहा गया है कि पीसीए प्रक्रिया के जरिए कुछ सरकारी बैंकों को बंद किया जा सकता है।

इलेक्ट्रिक कार पेश करेगी मारुति, 2020 तक आएंगी नजर!

सरकार ने भी इन अफवाहों को खारिज करते हुए कहा कि हमारी योजना तो सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों को मजबूत करने की है। वित्तीय सेवा सचिव राजीव कुमार ने एक ट्वीट में कहा कि किसी भी बैंक को बंद करने का सवाल ही नहीं उठता। केन्द्र सरकार सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों को मजबूत कर रही है।

उनमें 2.11 लाख करोड़ रुपए की पूंजी डालने की योजना है। अफवाहों पर भरोसा न करें। सरकारी बैंकों में फिर से पूंजी डालने और सुधार की रूपरेखा पटरी पर है। वहीं, रिजर्व बैंक ने भी साफ किया है कि पीसीए रूपरेखा का मकसद बैंकों के आम जनता के कामकाज में बाधक बनना नहीं है। गौरतलब हैं कि आरबीआई ने जून में भी इसी तरह की सफाई दी थी। उसने जोर देकर कहा कि पीसीए ढांचा दिसंबर, 2002 से परिचालन में है।

बिटकॉइन ने बढ़ाई निवेशकों की चिंता, दाम में भारी गिरावट

इसके तहत 13 अप्रैल, 2017 को जारी दिशानिर्देश पूर्व की रूपरेखा का ही संशोधित संस्करण हैं। बैंक ऑफ इंडिया के अलावा आरबीआई ने सार्वजनिक क्षेत्र के अन्य बैंकों आईडीबीआई बैंक, इंडियन ओवरसीज बैंक और यूको बैंक के खिलाफ भी इसी तरह की कार्रवाई शुरू की है।

Loading...