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गुणवत्ता को लेकर घिरी पतंजलि, आर्मी कैंटीन में आंवला जूस बैन

नई दिल्ली। पतंजलि आयुर्वेद कंपनी को भारतीय सैन्य बलों के रिटेलिंग प्लेटफॉर्म कैंटीन स्टोर्स डिपार्टमेंट (सीएसडी)ने बड़ा झटका दिया है। पतंजलि निर्मित आंवला जूस की खराब गुणवत्ता की वजह से इसे देश के सभी कैंटीनों में बैन कर दिया है। अब आंवला जूस की बिक्री आर्मी कैंटीन में नहीं हो सकेगी।

CSD  की शुरुआत 1948 में की गई थी। इसका मैनेजमेंट रक्षा मंत्रालय करता है। इसके तहत 3901 कैंटीन तथा 34 डिपो हैं। अंग्रेजी अखबार ‘द इकॉनोमिक्स टाइम्स’ की खबर के मुताबिक CSD ने सभी डिपो को लैटर लिखकर कहा है कि वह मौजूदा स्टॉक के लिए एक डेबिट नोट बनाएं ताकि उसे लौटाया जा सके।

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CSD  ने 3 अप्रैल 2017 को ये लेटर लिखा। आपको बता दें कि बाबा रामदेव की कंपनी पतंजलि आयुर्वेद ने खाद्य उत्पाद बाजार में उतारे थे, उनमें आंवला जूस शामिल था। इस मामले में सीएसडी के 2 अधिकारियों ने बताया कि इस आवंला जूस की जांच कोलकाता की सेंट्रल फूड लैबरेटरी में की गई थी।

जांच में उसे उपभोग के लिए ठीक नहीं पाया गया। पतंजलि ने आर्मी की सभी कैंटीनों से आंवला जूस को वापस ले लिया है। दरअसल, यह पहला मौका नहीं है, जब पतंजलि आयुर्वेद अपने खाद्य प्रदार्थों के गुणवत्ता के दावों को लेकर रेग्युलेटर्स के साथ विवादों में घिरी है।

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इससे पहले बिना लाइसेंस के नूडल्स तथा पास्ता बेचने के लिए उसकी खिंचाई की गई थी। तब एफएसएसएआई ने सेंट्रल लाइसेंसिंग अथॉरिटी को निर्देश दिया था कि वह पतंजलि को उसके खाद्य तेल ब्रैंड के विज्ञापन को लेकर कारण बताओ नोटिस जारी करे।